गाजीपुर। जनपद के बहुचर्चित होटल व्यवसायी के बेटे विनीत राय की हत्या और फिर इस वारदात के आरोपी कमलेश बिंद के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने के ...
गाजीपुर। जनपद के बहुचर्चित होटल व्यवसायी के बेटे विनीत राय की हत्या और फिर इस वारदात के आरोपी कमलेश बिंद के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने के बाद अब जिला प्रशासन ने आरोपियों के खिलाफ एक और बड़ा मोर्चा खोल दिया है। प्रशासन ने इस मामले में नामजद सभी आरोपियों के घरों को गैर-मानक और अवैध बताते हुए ध्वस्तीकरण की कार्रवाई का नोटिस जारी कर दिया है। पुलिस के बाद अब प्रशासन के इस कड़े रुख से आरोपियों के परिजनों और मददगारों में हड़कंप मच गया है।
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| Purvanchal Samachar |
जिला प्रशासन की ओर से जारी किए गए नोटिस के तहत आरोपियों के परिजनों को आगामी 12 जून 2026 को संबंधित प्रशासनिक कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है। नोटिस में पूछा गया है कि मानकों के विपरीत बिना स्वीकृत नक्शे के बनाए गए उनके इस अवैध निर्माण को आखिर क्यों न धराशायी (ध्वस्त) कर दिया जाए? परिजनों को इस तारीख तक अपना स्पष्टीकरण या कारण बताना होगा। उधर, प्रशासन की इस त्वरित और कड़े एक्शन का विरोध करते हुए आरोपियों के परिजनों ने इसे पूरी तरह एकतरफा और बदले की भावना से की गई कार्रवाई बताया है।
इस बड़ी कार्रवाई के संबंध में जानकारी देते हुए गाजीपुर के जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने साफ किया कि अपराधियों और माफियाओं के खिलाफ उत्तर प्रदेश सरकार की 'जीरो टॉलरेंस' की नीति पूरी तरह स्पष्ट है। पुलिस की विधिक कार्रवाई के साथ-साथ अब जिला प्रशासन भी सक्रिय है। जांच के दौरान यह पाया गया कि इन आरोपियों के मकानों के निर्माण में रेगुलेटेड एरिया (RBA) एक्ट के नियमों का उल्लंघन किया गया है। इसी आधार पर उन्हें नोटिस थमाया गया है और तय समय सीमा के बाद आगे की विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
इसके साथ ही, जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने इस पूरे आपराधिक मामले और एनकाउंटर की घटना को 'जातीय संघर्ष' का रूप देने की कोशिश करने वाले शरारती तत्वों को सख्त लहजे में हिदायत दी है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग माहौल बिगाड़ने के लिए इसे जातिवाद से जोड़ रहे हैं, ऐसे लोगों को चिन्हित किया जा रहा है और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने के आरोप में उनके खिलाफ भी सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
